आदित्य शर्मा।
जयपुर। कल शाम राजस्थान में बाल सहभागिता को सुनिश्चित करने के लिए डिजिटल बाल मेला और यूनिसेफ ने एक कदम ओर आगे बढ़ाया। तीन दिवसीय “बाल सरपंच अधिवेशन” के तहत बच्चों ने शासन सचिव ग्रामीण विकास श्रीमति मंजू राजपाल जी को अपना घोषणा पत्र पेश किया। इस घोषणा पत्र में बच्चों ने अपनी बुनियादी जरूरतों के को पूरा करने हेतु सरकार का ध्यानाकर्षण किया।
घोषणा पत्र में बच्चों द्वारा 8 मुद्दे रखे गए जिनमें ग्राम पंचायतों में खेल मैदान, पार्क, पेयजल आपूर्ति, बालिका शिक्षा, स्वच्छता, साफ शौचालय, खेल संसाधन उपलब्धता शामिल है। यह बच्चों की वह बुनियादी जरूरतें है जिन्हे हर “बाल पंचायत” में बच्चों द्वारा उठाया गया था और साथ ही यह उनका अधिकार भी है।
आपकी जानकारी के लिए बता दें की यह घोषणा पत्र राजस्थान के 30 “बाल प्रतिनिधियों” द्वारा पेश किया गया है। डिजिटल बाल मेला की जान्हवी शर्मा ने बताया कि यह “बाल प्रतिनिधि” राजस्थान के 7 संभाओं के 8 जिलों की 9 विधानसभा क्षेत्रों में लगी 10 “बाल पंचायतों” में से चुनकर आते है। इतना ही नहीं इन्हें चुनकर इस अधिवेशन में भेजने वाले भी और कोई नहीं इनके बाल साथी ही है। गौरतलब है की घोषणा पत्र पेश करने के साथ ही इन बच्चों ने राजस्थान विधानसभा और इसका संग्रहालय भी देखा।

