उदयपुर जिले का प्रतिनिधित्व कर रहे प्रतिभागियों ने अपनी स्टॉल के माध्यम से मिनिएचर पेंटिंग, पारंपरिक हस्तशिल्प और चाँदी के आभूषणों को प्रदर्शित किया। साथ ही, उदयपुर के शाही खान-पान और ‘झीलों की नगरी’ के रूप में प्रसिद्ध शहर की ऐतिहासिक विरासत को आकर्षक मॉडलों के जरिए प्रस्तुत किया।
जयपुर बाल महोत्सव में राजस्थान के विभिन्न जिलों से आए बच्चों ने अपनी रचनात्मक प्रस्तुतियों के जरिए अपने-अपने जिले की खास पहचान को सामने रखा।

